साल्हेओना उपार्जन केंद्र में बड़ा घोटाला उजागर, 3140 क्विंटल धान और हजारों बारदाने गायब

सारंगढ़-बिलाईगढ़ – जिले के साल्हेओना धान उपार्जन केंद्र में करोड़ों के घोटाले का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। खरीफ वर्ष 2025-26 की धान खरीदी में फर्जी ऑनलाइन एंट्री कर करीब 99 लाख 12 हजार रुपये के गबन का मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया है।
जांच में खुलासा हुआ कि बिना वास्तविक धान खरीदी के किसानों के नाम पर फर्जी टोकन काटे गए और बायोमैट्रिक व आईरिश स्कैनर के जरिए ऑनलाइन एंट्री कर सरकारी रकम हड़प ली गई। पूरे फर्जीवाड़े को बेहद शातिर तरीके से अंजाम दिया गया ताकि रिकॉर्ड में सब कुछ सामान्य दिखाई दे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए सरिया पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए समिति प्रबंधक बंशीधर पटेल और कम्प्यूटर ऑपरेटर वासुदेव पटेल को गिरफ्तार कर लिया है।
भौतिक सत्यापन के दौरान जांच टीम के होश उड़ गए, जब उपार्जन केंद्र से 3140.80 क्विंटल धान गायब मिला। इसके अलावा 2045 नग नया जूट बारदाना भी रिकॉर्ड से कम पाया गया। शुरुआती जांच में कुल गड़बड़ी की कीमत लगभग 99 लाख रुपये से अधिक आंकी गई है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कम्प्यूटर सिस्टम, बायोमैट्रिक मशीन, आईरिश स्कैनर और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज जब्त किए हैं। दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
इस बड़े खुलासे के बाद धान खरीदी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आशंका जताई जा रही है कि इस पूरे घोटाले में और भी लोग शामिल हो सकते हैं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन पूरे नेटवर्क की गहन जांच में जुटे हुए हैं।
“किसानों के नाम पर फर्जीवाड़ा कर सरकारी खजाने में सेंध लगाने वालों पर अब कानून का शिकंजा कसता नजर आ रहा है…”
